मारुति सुजुकी शेयर प्राइस में उछाल, फिर भी साल भर की गिरावट बरकरार
मारुति सुजुकी के शेयर में 6 नवंबर 2026 को करीब 5.28% की तेजी दिखी, हालांकि इस साल अब तक शेयर लगभग 24.56% टूट चुका है। जानिए तकनीकी संकेत क्या कहते हैं।
मारुति सुजुकी इंडिया का शेयर इन दिनों सर्च में ट्रेंड कर रहा है। मार्केटमोजो की एक रिपोर्ट के मुताबिक 6 नवंबर 2026 को इस शेयर ने करीब 5.28% की तेजी दिखाई। पिछले बंद भाव ₹11,969.25 से शेयर ऊपर चढ़कर ₹12,678.45 के इंट्राडे हाई तक पहुंचा और बाद में ₹12,601.10 पर बंद हुआ।
यह तेजी ऐसे समय आई है जब शेयर इस साल अब तक कमजोर रहा है। रिपोर्ट के अनुसार साल की अब तक (YTD) की गिरावट -24.56% रही, जबकि इसी अवधि में सेंसेक्स में -6.94% की गिरावट रही। एक साल की अवधि में शेयर का रिटर्न -18.02% और सेंसेक्स का -4.97% रहा।
लंबी अवधि में तस्वीर अलग
पांच साल के नजरिए से शेयर ने बेहतर प्रदर्शन किया है। इस अवधि में शेयर का रिटर्न 62.71% रहा, जबकि सेंसेक्स का 32.03%। 52 हफ्ते का भाव दायरा ₹10,984.30 से ₹17,371.60 के बीच रहा है, जो बताता है कि शेयर में काफी उतार-चढ़ाव रहा है।
तकनीकी संकेत मिले-जुले
मार्केटमोजो के तकनीकी विश्लेषण में ट्रेंड "पूरी तरह बेयरिश" से बदलकर "हल्का बेयरिश" बताया गया है। इसे सुधार का शुरुआती संकेत माना गया है, लेकिन रोज के मूविंग एवरेज अभी भी दबाव में हैं। इसलिए यह कहना जल्दबाजी होगी कि तेजी लगातार बनी रहेगी।
MACD साप्ताहिक चार्ट पर अभी भी बेयरिश है, जबकि मासिक चार्ट पर यह हल्का बेयरिश हो गया है। RSI साप्ताहिक और मासिक दोनों पर न्यूट्रल जोन में है, यानी न ज्यादा खरीदा गया है और न ज्यादा बेचा गया है। डाउ थ्योरी साप्ताहिक चार्ट पर हल्की तेजी और मासिक पर हल्की मंदी दिखाती है। साप्ताहिक ऑन-बैलेंस वॉल्यूम (OBV) में कुछ खरीदारी के संकेत हैं।
रेटिंग और अहम स्तर
रिपोर्ट के अनुसार कंपनी का मोजो स्कोर 50.0 है और 2 नवंबर 2026 को मोजो ग्रेड "Sell" से बढ़ाकर "Hold" किया गया है। "Hold" का मतलब है कि निवेशक मौजूदा स्थिति बनाए रख सकते हैं, पर ट्रेंड बदलने की पुष्टि का इंतजार करें।
विश्लेषण में निवेशकों के लिए दो स्तर अहम बताए गए हैं: 52 हफ्ते का निचला स्तर ₹10,984.30 और करीब ₹13,000 का प्रतिरोध स्तर। शेयर के 50-दिन और 200-दिन मूविंग एवरेज के ऊपर टिकने को भी पुष्टि के लिए देखने की सलाह दी गई है।
आगे क्या
ऑटोमोबाइल सेक्टर मांग के चक्र, कच्चे माल की लागत और नियमों में बदलाव से प्रभावित होता है, इसलिए रिपोर्ट के मुताबिक शेयर की चाल आने वाले समय में भी उतार-चढ़ाव भरी रह सकती है। इस तेजी की पुष्टि के लिए निवेशक मूविंग एवरेज और वॉल्यूम के रुझान पर नजर रख सकते हैं। यह जानकारी केवल तकनीकी संकेतों पर आधारित है और निवेश सलाह नहीं है।
अब तक की जानकारी: शेयर में एक दिन की मजबूत तेजी आई है, लेकिन साल भर की गिरावट और मूविंग एवरेज का दबाव बना हुआ है। तकनीकी संकेत अभी मिले-जुले हैं।