मेम्पालम यानी फ्लाईओवर: चेन्नई-त्रिची हाईवे पर दो साल से अधूरे काम, टेंडर रद्द करने की तैयारी
चेन्नई-त्रिची नेशनल हाईवे पर विल्लुपुरम जिले में कई फ्लाईओवर का काम दो साल से चल रहा है। कुछ ठेकों को रद्द करने की सिफारिश हुई है।
चेन्नई-त्रिची नेशनल हाईवे पर विल्लुपुरम जिले की सीमा में बन रहे कई मेम्पालम यानी फ्लाईओवर का काम दो साल से पूरा नहीं हो पाया है। तमिल अखबार दिनमलर की रिपोर्ट के मुताबिक कई जगहों पर काम धीमा है और कुछ ठेका कंपनियों के टेंडर रद्द करने की सिफारिश की गई है। इस हाईवे के 75 किलोमीटर हिस्से में मौजूदा समय में ये निर्माण चल रहे हैं।
किन जगहों पर बन रहे हैं पुल
रिपोर्ट के अनुसार हाईवे के कई कट, यानी मोड़ और चौराहे, लंबे समय से हादसों के लिए जाने जाते थे। इन्हीं जगहों पर नेशनल हाईवे अथॉरिटी ने फ्लाईओवर और सबवे बनाने का काम शुरू किया था। सलवाती में लगभग 40 करोड़ रुपये, तेनपसियार में कोर्ट के सामने करीब 20 करोड़ रुपये और विक्रवंडी तहसील कार्यालय के सामने लगभग 25.75 करोड़ रुपये के काम बताए गए हैं।
मुंडियमपाक्कम में विल्लुपुरम सरकारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल के सामने लगभग 27 करोड़ रुपये का फ्लाईओवर प्रस्तावित है। रिपोर्ट के मुताबिक यहां अभी तक निर्माण की शुरुआत भी नहीं हुई है। मुथाम्बालयम में करीब 27 करोड़ रुपये के पुल का काम लगभग 80 प्रतिशत पूरा बताया गया है।
देरी की वजह क्या है
रिपोर्ट में देरी के कई कारण गिनाए गए हैं। सलवाती में पुल के लिए जमीन देने वालों को मुआवजा देने में देरी हुई, जिससे कनेक्टिंग रोड का काम रुक गया। अब मुआवजा दे दिया गया है और कनेक्टिंग रोड का काम जल्द शुरू होने की उम्मीद है।
पप्पनपट्टू और विक्रवंडी में ठेका कंपनियों ने झील की मिट्टी की कमी को वजह बताया है। मुंडियमपाक्कम में जमीन अधिग्रहण पूरा होने के बावजूद काम शुरू नहीं हुआ। इसके बाद दो ठेका कंपनियों के टेंडर रद्द करने की सिफारिश की गई है, और नए टेंडर जारी होने के बाद काम शुरू होगा।
अरसूर चौराहे पर भारती नगर के लोगों के विरोध के कारण काम कुछ समय रुका रहा। रिपोर्ट के अनुसार करीब दो महीने पहले वहां सबवे के लिए 23.59 करोड़ रुपये मंजूर हुए, जिसके बाद काम में फिर तेजी आई है।
वाहन चालकों की परेशानी
काम लंबा खिंचने से इन इलाकों में भारी जाम लग रहा है। त्योहारों के समय दक्षिणी जिलों की ओर जाने और लौटने वाले वाहनों को सबसे ज्यादा दिक्कत होती है। सर्विस रोड कई जगह गड्ढों से भरी बताई गई है, और मरम्मत का काम टिकाऊ न होने की शिकायत भी आई है।
आगे क्या होगा
रिपोर्ट के अनुसार तेनपसियार का फ्लाईओवर दिसंबर तक चालू होने की उम्मीद है। मुथाम्बालयम का पुल भी दिसंबर तक पूरा होने का अनुमान है। अरसूर का फ्लाईओवर मार्च 2027 तक और बाकी काम जून 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य बताया गया है। ये समय सीमाएं रिपोर्ट में दी गई अनुमानित तारीखें हैं और इनकी आधिकारिक पुष्टि अभी बाकी है।
मदुरै में भी नेशनल हाईवे अथॉरिटी ने रिंग रोड पर वन्यजीवों के लिए अलग से ओवरपास बनाने की बात कही है, जिसकी अलग रिपोर्टें सामने आई हैं। चेन्नई-त्रिची मार्ग के ये काम अभी पूरे नहीं हुए हैं, इसलिए लोगों को सावधानी से सफर करने की सलाह है।